जी भारत न्यूज24
हम भारत देश की बात करते हैं भारत देश में लगभग समाप्त राज्यों की करते हैं,आज भी भ्रष्टाचारी और बेईमानी चरम पर है मैंने कहिए एक आर्टिकल भ्रष्टाचारियों पर लिखा और भ्रष्टाचारियों पर मेरा हमेशा फोक्स रहता है,एक व्यक्ति भ्रष्टाचारी में पकड़ा जाता है, और वही व्यक्ति पैसे देखकर भ्रष्टाचारियों से बच निकलता है, यह भ्रष्टाचारी है किसी विभाग में चले जाओ कोई भी काम की सुनता नहीं है, ऐसे देखा है जैसे खा जाएगा बैंक में जाओ अगर लोन लेना है तो आपको वहां भी कमीशन देना पड़ेगा नहीं आपका लोन आपको नहीं मिलेगा, कहीं भी चले जाओ किसी विभाग में चले जाओ अगर आपका परिचय नहीं है तो आपको इतने कागज बता दिए जाते हैं जिनको आप कंप्लीट करते-करते आपकी चप्पल घीस जाएगी , पर आपका काम नहीं होगा बिना सुविधा शुल्क दिए वहीं पर अगर आपका परिचय है पर्चस्प लोगों के साथ हैं नेता के साथ हैं अन्य लोग जो वर्चस्व रखने वाले हैं उनके साथ अगर जाते हैं तो आपको कोई खास कागजों की जरूरत भी नहीं पड़ेगी आपका काम हो जाएगा,यह प्रैक्टिकल मैंने करके देखा है और मैं इस पर कई बार लिखा लेकिन अफसोस की बात भ्रष्टाचारी इतनी बढ़ चुकी है,हर जन मानस के कर्मचारी से लेकर अधिकारी और यहां तक नेताओं के और मंत्रियों तक सभी में कूट-कूट कर भ्रष्टाचारी अधिकांश लोगों में भरी है,जिसे समाप्त करना संभव नहीं है भ्रष्टाचारी समाप्त नहीं हो जाएगी भ्रष्टाचारियों को समाप्त करने के लिए जो प्रयास करेगा वह समाप्त हो जाएगा लेकिन भ्रष्टाचारी अपने चरम पर बनी रहती है इसके लिए हमारी सरकार से निवेदन है सब कुछ अच्छा चल रहा है, लेकिन भ्रष्टाचारियों पर अंकुश लगाइए अगर भारत को मजबूत और शक्तिशाली बनाना है, हर जनमानस कुशल तभी रहेगा जब भ्रष्टाचारी बंद हो और हर व्यक्ति का सिस्टम से सही तरीके से बिना परेशान किए उसका काम होता जाए तभी हम सच्ची आजादी के हकदार कहलाएंगे। सरकार आम जनमानस के लिए जनहित की योजनाएं बनाती जैसे आयुष्मान कार्ड से इलाज हो रहा है इसमें इतनी भ्रष्टाचारी चल रही है कि आप समझ नहीं सकते हैं कुछ अस्पताल तो ईमानदारी के साथ कार्य कर रहे हैं मेरे संज्ञान में हैं अधिकांश भ्रष्टाचारियों से परिपूर्ण रूप से आयुष्मान कार्ड का दुरुपयोग ही रहा है जबकि नियम में सिस्टम में सकती है उसके बावजूद मरीज को भरती रखते हैं और ₹500000 लाख जब तक डकार नहीं जाते हैं तब तक उसको सेवाएं करते रहते हैं।
देवेश प्रताप सिंह राठौर ब्यूरो चीफ




