जी भारत न्यूज24
नियमों को ताक पर रखकर चहेतों को रेवड़ियों की तरह बांटी नौकरियां, युवाओं में भारी आक्रोश
बिना पारदर्शी प्रक्रिया और बिना उचित विज्ञापन के गुपचुप तरीके से की गईं नियुक्तियां।
योग्यता और वरिष्ठता को दरकिनार कर भ्रष्टाचार के बल पर चहेतों को उपकृत करने का आरोप।
मामले की उच्च स्तरीय निष्पक्ष जांच और पूरी भर्ती प्रक्रिया को तुरंत निरस्त करने की मांग।
ब्यूरो रिपोर्ट, भिंड। जिला मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) कार्यालय और जिला अस्पताल भिंड में आउटसोर्सिंग एजेंसी के माध्यम से कंप्यूटर ऑपरेटर, सपोर्ट स्टाफ और चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की भर्ती में बड़े पैमाने पर धांधली और भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। इस पूरी भर्ती प्रक्रिया में न तो शासन के दिशा-निर्देशों का पालन किया गया और न ही पारदर्शिता अपनाई गई। पूरी चयन प्रक्रिया को पूरी तरह गोपनीय रखकर चहेतों और अपात्र लोगों को पिछले दरवाजे से नियुक्तियां दे दी गईं, जिससे जिले के योग्य और शिक्षित युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ हुआ है।
गोपनीय तरीके से चहेतों को दी जॉइनिंग
नियमों के मुताबिक, किसी भी शासकीय संस्थान में आउटसोर्स भर्ती के लिए बकायदा सार्वजनिक विज्ञापन जारी कर योग्य उम्मीदवारों से आवेदन आमंत्रित किए जाने चाहिए थे। इसके बाद एक पारदर्शी चयन समिति के माध्यम से योग्यता सूची (Merit List) के आधार पर नियुक्तियां होनी थीं। परंतु, जिला अस्पताल प्रबंधन और आउटसोर्सिंग एजेंसी की मिलीभगत से इस पूरी प्रक्रिया को दबाकर रखा गया। किसी भी स्थानीय या योग्य युवा को इसकी भनक तक नहीं लगने दी गई और गुपचुप तरीके से अपात्र लोगों को जॉइनिंग दे दी गई।
स्थानीय युवाओं की उपेक्षा और भ्रष्टाचार का बोलबाला
भिंड जिले में हजारों की संख्या में कंप्यूटर (DCA, PGDCA, CPCT) और अन्य व्यावसायिक शैक्षणिक योग्यताधारी युवा बेरोजगार घूम रहे हैं। स्थानीय युवाओं का आरोप है कि इस भर्ती में भारी आर्थिक लेनदेन और राजनैतिक/प्रशासनिक सांठगांठ के चलते योग्य उम्मीदवारों को दरकिनार किया गया है। जो लोग वर्षों से दैनिक वेतन भोगी के रूप में सेवाएं दे रहे थे, उनके अनुभवों को भी पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया गया है।
उग्र आंदोलन की चेतावनी
इस धांधली के विरोध में स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ताओं, पीड़ित युवाओं और जागरूक नागरिकों ने कड़ा आक्रोश व्यक्त किया है। अस्पताल प्रबंधन और संबंधित एजेंसी की इस मनमानी के खिलाफ जल्द ही कलेक्टर और वरिष्ठ अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा जाएगा।
यदि इस फर्जीवाड़े की तत्काल उच्च स्तरीय जांच कर दोषी अधिकारियों व एजेंसी पर कार्रवाई नहीं की गई और इस अवैध भर्ती को निरस्त कर नए सिरे से पारदर्शी प्रक्रिया शुरू नहीं की गई, तो युवाओं द्वारा जिला मुख्यालय पर धरना प्रदर्शन व उग्र आंदोलन किया जाएगा।
विज्ञप्ति जारीकर्ता:
संजय सिंह यादव प्रदेश सचिव, राजीव गांधी पंचायती राज संगठन कांग्रेस कमेटी, मध्य प्रदेश




