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उत्तर प्रदेश झांसी में लाश की बेकद्री,
बोरे की तरह लादकर ले गया ड्राइवर ,

पुलिस ने एंबुलेंस ड्राइवर से कराया अंतिम संस्कार झांसी में एम्बुलेंस ड्राइवर ने इस तरह से लाश का अंतिम संस्कार किया। अब पुलिस अफसर इस पूरे मामले की जांच की बात कह रहे हैं।
झांसी में लाश की बेकद्री का मामला सामने आया है। 15 दिन तक लावारिस लाश पोस्टमॉर्टम हाउस में सड़ती रही। इसके बाद पुलिस को इसकी सूचना दी गई। फिर पंचनामा भरवाकर 72 घंटे तक शव की पहचान करने की कोशिश की गई।
लेकिन, जब शिनाख्त नहीं हो पाई, तो लाश का पोस्टमॉर्टम कराया गया। इसके बाद पुलिस ने खुद अंतिम संस्कार कराने के बजाय लाश एम्बुलेंस ड्राइवर के हवाले कर दी। उससे अंतिम संस्कार करने को कहा। एम्बुलेंस ड्राइवर ने लाश को कपड़े में बांधा, फिर एम्बुलेंस में लादकर श्मशान घाट पहुंचा।8 वहां एम्बुलेंस से घसीटकर बोरे की तरह लाश को बाहर निकाला। फिर पीठ पर लादकर 100 मीटर दूर चिता के पास पहुंचा और खुद ही अंतिम संस्कार कर दिया। एम्बुलेंस चालक ने इसका वीडियो भी बनवाया। एसपी सिटी ज्ञानेंद्र सिंह का कहना है कि लावारिस लाश के अंतिम संस्कार की जिम्मेदारी पुलिस की होती है। जो वीडियो में सामने आया है, उसकी जांच कराई जा रही है।13 मई को मेडिकल कॉलेज में इलाज के दौरान 35 साल के एक युवक की मौत हो गई। अस्पताल ने उसके शव को पोस्टमॉर्टम हाउस में रखवा दिया। पुलिस का कहना है कि मेडिकल कॉलेज ने उन्हें इसकी सूचना नहीं दी। 28 मई को मेडिकल कॉलेज से मेमो मिलने पर पुलिस को इस बारे में पता चला।
उसी दिन पंचनामा भरा गया। इसके बाद 72 घंटे तक लाश की शिनाख्त कराने की कोशिश की गई। जब पहचान नहीं हो सकी, तो 31 मई को पोस्टमॉर्टम कराया गया। इसके बाद लाश को एम्बुलेंस ड्राइवर को सौंप दिया और अंतिम संस्कार करने को कहा। लेकिन, एम्बुलेंस ड्राइवर ने इसका वीडियो बनाकर वायरल कर दिया।
एम्बुलेंस ड्राइवर बोला- पुलिसवाले साथ नहीं गए एम्बुलेंस ड्राइवर मुकेश यादव ने बताया-पोस्टमॉर्टम के बाद लावारिस लाश का अंतिम संस्कार होना था। पुलिस ने लाश मेरे हवाले कर दी। मैंने उसे एम्बुलेंस में रखा, लेकिन कोई पुलिसवाला मेरे साथ नहीं गया। मैं बड़ागांव गेट के बाहर मुक्तिधाम पर लाश लेकर गया।
वहां अकेले ही गाड़ी से लाश को घसीटकर बाहर निकाला। फिर पीठ पर लादकर चिता तक पहुंचाया। इसके बाद खुद ही लकड़ियां लगाकर अंतिम संस्कार किया। पता नहीं किसने इस पूरी घटना का वीडियो बनाकर वायरल कर दिया 2 मिनट 27 सेकेंड के वीडियो में दिख रहा है कि बड़ागांव गेट के बाहर मुक्तिधाम में एक एम्बुलेंस खड़ी है। ड्राइवर सीट से उतरकर लावारिस लाश को घसीटकर कंधे पर बोरे की तरह लाद लेता है। इसके बाद अकेला ही 100 मीटर पैदल चलकर चिता तक पहुंचता है। वहां लाश को चिता पर रखता है। लकड़ियां सजाता है और फिर खुद ही आग लगाकर अंतिम संस्कार कर देता है।
देवेश प्रताप सिंह राठौर,ब्यूरो चीफ उत्तर प्रदेश




