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उन्नाव। उन्नाव में नवविवाहित का शव फांसी के फंदे से लटकता देख हड़कंप मच गया। बता दे कि स्वेच्छा ने सूरज से 4 दिसंबर को लव मैरिज की थी। 4 जनवरी को वन मंथ एनिवर्सरी मनी लेकिन सूरज उसमें शामिल नहीं हुए। उन्नाव में शादी के 30 दिन बाद दुल्हन ने अपनी जान दे दी। रात में सबने मैरिज की वन मंथ एनिवर्सरी मनाई। सुबह वह फंदे से लटकते मिली। मृतका के भाई के मुताबिक, रविवार को दीदी की शादी की वन मंथ एनिवर्सरी थी। जीजा को छुट्टी नहीं मिली थी। रात करीब 3 बजे वह घर लौटे। वह सो चुकी थीं। वह भी सो गए। सुबह करीब 5 बजे वह उठे तो देखा पत्नी बेड पर नहीं थी। तलाशते हुए बगल के कमरे में पहुंचे तो पत्नी दुपट्टे के फंदे से लटक रही थी। मामला दही थाना क्षेत्र का है। बता दे कि मृतका की पहचान 24 वर्षीय स्वेच्छा वर्मा के रूप में हुई है। उसकी शादी 4 दिसंबर को 26 वर्षीय सूरज सिंह से हुई थी। दोनों ने लव मैरिज की थी। सोशल मीडिया से प्यार हुआ, फिर शादी की पड़ोसियों ने बताया कि स्वेच्छा के पिता मनोज वर्मा का कोरोना काल में निधन हो गया था। घर की जिम्मेदारी स्वेच्छा पर ही थी। मोहल्ले में ही एक कॉस्मेटिक और रिचार्ज की दुकान उसकी थी। दुकान पर स्वेच्छा ही बैठती थी। उसके घर से करीब 100 मीटर की दूरी पर श्याम नरेश सिंह का घर है। उनका बेटा सूरज, सूट की फैक्ट्री में सुपरवाइजर है। स्वेच्छा और सूरज एक दूसरे को काफी पहले से जानते थे। सोशल मीडिया पर कनेक्ट होने के बाद दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ी। धीरे-धीरे यह दोस्ती प्यार में बदल गई। घरवालों को जब दोनों के रिश्ते का पता चला तो दोनों परिवार इस रिश्ते के लिए राजी नहीं हो रहे थे। हालांकि, बाद में दोनों ने अपने-अपने परिवारों को मना लिया। बीते 4 दिसंबर को धूमधाम से दोनों की शादी हुई। सुबह बेड पर स्वेच्छा नहीं मिली तो पति उसे घर में ढूढ़ने को उठे। वह बगल के कमरे में पंखे से लटक रही थी। स्वेच्छा के भाई हनी ने बताया 4 जनवरी को बहन स्वेच्छा की शादी के एक महीने पूरे हुए थे। मैं बहन के घर केक और चॉकलेट लेकर गया। इस पर दीदी ने मुझे डांट लगाई। कहा- इसकी कोई जरूरत नहीं थी। हालांकि, मैं केक और चॉकलेट देकर घर चला गया। दीदी जीजा का इंतजार कर रही थी। रात 3 बजे जीजा फैक्ट्री से काम करके लौटे। वे भी केक और पिज्जा लाए थे। लेकिन तब तक घरवाले सो गए थे। जीजा ने घरवालों को जगाया। केक और पिज्जा खाने के लिए सबसे कहा लेकिन किसी ने नहीं खाया। पत्नी के बारे में पूछा तो घरवालों ने बताया कि वह सो रही है। इसके बाद जीजा कमरे में सोने चले गए। पत्नी बेड पर सो रही थी। सुबह 5 बजे जब अलार्म बजा तो सूरज की नींद खुली। स्वेच्छा बेड पर नहीं थी। वह उसे ढूंढ़ने लगे। बगल के कमरे में पहुंचे तो चीख पड़े। वह दुपट्टे को फंदा बनाकर पंखे से लटक रही थी। घरवाले दौड़े पहुंचे। पूरे घर में कोहराम मच गया। पुलिस बुलाई गई। स्वेच्छा के घरवाले भी पहुंचे।




