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भिण्ड । पुरानी पेंशन न सिर्फ बुढ़ापे का सहारा होती है बल्कि यह सम्मान का प्रतीक भी है क्योंकि वृद्धावस्था में यदि पेंशन का सहारा होता है,तो परिवार के साथ – साथ समाज भी पेंशनधारी का सम्मान करता है,यह बात आज न्यू मूवमेंट फॉर ओल्ड पेंशन संघ के प्रांत प्रवक्ता गिरिराज भदोरिया द्वारा कही गई ।
आज बड़ी संख्या में एनपीएस प्राप्त कर्मचारियों अधिकारियों ने मिलकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बिहार के मुख्यमंत्री नितेश कुमार,आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू को अनुविभागीय अधिकारी भिंड अखिलेश शर्मा के माध्यम से शासकीय कर्मचारियों की पुरानी पेंशन बहाल करने हेतु ज्ञापन सोपा गया ।
इस अवसर पर संगठन के जिला अध्यक्ष गगन शर्मा ने कहा की एनपीएस पेंशन स्कीम उचित एवम विश्वसनीय पेंशन प्लान नहीं है क्योंकि वह बाजार पर आधारित है, बाजार में उतार चढ़ाव से कर्मचारियों को बहुत हानि होती है, इसके नियम भी कठिन है और रिटायर होने पर मात्र हजार दो हज़ार ही पेंशन प्राप्त होती है जबकि पुरानी पेंशन वेतन का 50 प्रतिशत के साथ महंगाई भट्टे के साथ दिए जाने वाली पेंशन है क्योंकि वास्तव में असली पेंशन है जिससे पेंशनधारी का बुढ़ापे का खर्चा सम्मान के साथ चलता है।
इस अवसर पर संगठन के प्रांत उपाध्यक्ष धीरज शुक्ला ने सरकार से अपील की, सरकार अब पूर्ण रूप से स्थिर है तो पुरानी पेंशन बहाली करने पर सहानुभूति पूर्वक विचार करना चाहिए।
इस अवसर पर सम्भागीय संरक्षक नरेश चंद तिवारी,पटवारी संघ के जिलाध्यक्ष राघवेंद्र सिंह तोमर, आजाद अध्यापक संघ जिलाध्यक्ष आनन्द भदोरिया,इंद्रपाल सिंह कुशवाहा,मुकेश राठौर,कमलेश गुप्ता, पटवारी,राम प्रकाश राजावत पटवारी, जिलेदार सिंह पटवारी,मोहम्मद शकील,उमेश सिंह कुशवाहा,सोनपाल चतुर्वेदी,महेंद्र सिंह बघेल,सुरेंद्र सिंह यादव बड़ी संख्या में कर्मचारी उपस्थित हो गई एवं पुरानी पेंशन बहाली की मांग की।




